मंत्र एवं स्तुतियाँ
सरस्वती गायत्री
सरस्वती · गायत्री मंत्र
लोकप्रचलित प्रार्थनासरस्वतीगायत्री मंत्र
ॐ वाग्देव्यै च विद्महे कामराजाय धीमहि। तन्नो देवी प्रचोदयात्॥
📖 भावार्थ
हम वाणी की देवी सरस्वती को जानें, उनका ध्यान करें और देवी हमारी बुद्धि को प्रेरित करें।
📜 स्रोत
परवर्ती गायत्री-संग्रह परंपरा
⚠️ सावधानी
प्रचलित पाठों में भेद मिलने पर प्रमाणित संस्करण का उपयोग करें।
🪔 पाठ-पूर्व ध्यान रखने योग्य बातें
- ✦स्वच्छ स्थान और स्वच्छ शरीर — यथासंभव स्नान के पश्चात पाठ करें।
- ✦शांत मन — कुछ क्षण गहरी श्वास लेकर मन स्थिर करें।
- ✦श्रद्धा और सम्मान — शब्दों को धीरे, स्पष्ट और भावपूर्वक बोलें।
- ✦अर्थ समझकर पाठ करना अधिक फलदायी माना गया है — भावार्थ अवश्य पढ़ें।
कौन पढ़ सकता है?
यह पाठ श्रद्धा रखने वाला कोई भी व्यक्ति कर सकता है — स्वच्छता, शांत मन और सम्मानपूर्ण उच्चारण ही मुख्य नियम हैं। विशेष साधना-विधियाँ (बीजमंत्र, दीक्षा, अनुष्ठान) योग्य गुरु-परंपरा से सीखें।