देवी माहात्म्य
देवी माहात्म्यम् (दुर्गा सप्तशती)
देवी शक्ति की परम महिमा और दानव विनाश का पवित्र ग्रंथ
पढ़ने का समय
8 मिनट
श्लोक/आयत
700
अध्याय/भाग
13
काल अनुमान
ईसा सन् 600-800
लेखक
महर्षि मार्कण्डेय (द्रष्टा: ऋषि मैत्रेय)
स्रोत
मार्कण्डेय पुराण का भाग
परिचय
देवी माहात्म्य या दुर्गा सप्तशती देवी शक्ति की परम महिमा का पवित्र ग्रंथ है। यह मार्कण्डेय पुराण का एक महत्वपूर्ण भाग है लेकिन अपने आप में पूर्ण और स्वतंत्र ग्रंथ माना जाता है। इसमें 700 श्लोक हैं जो 13 अध्यायों में विभाजित हैं। यह ग्रंथ देवी के तीन प्रमुख अवतारों की महिमा और दानवों के विनाश की कथाएं बताता है। नवरात्रि के दौरान इस ग्रंथ का पाठ सबसे महत्वपूर्ण माना जाता है।
पुराणदेवीदुर्गाशक्तिसंस्कृतनवरात्रि